रविवार
18 अक्तूबर 2026
62-1014E
मार्गदर्शक
सभा शुरू होती है:
0
दिन
19
घंटे
40
मिनट
35
सेकंड

Sun Apr 26, 2020 10:00 AM EDT

प्रिय सामर्थ के भवन,

परमेश्वर ने इन अंतिम दिनों में अपनी दुल्हन के लिए एक मार्गदर्शक भेजने की प्रतिज्ञा की थी, ताकि वह देह में स्वयं को प्रकट कर सके, ठीक वैसे ही जैसे वह अपने पुत्र यीशु में धरती पर आया था। उसने अपने वचन में हमें बताया कि वह भविष्यद्वक्ता एलिय्याह को भेजेगा, जो मनुष्य का पुत्र होगा और मनुष्य देह में स्वयं को प्रकट करेगा; क्योंकि उसे अभी भी हमें बहुत कुछ प्रकट करना है और सिखाना है।

वह अपनी ओर से कुछ नहीं कहेगा, लेकिन जो कुछ वह सुनेगा, वही कहेगा; और वह आपको आने वाली बातें बताएगा। वह मुझे महिमावंत करेगा, क्योंकि वह मेरी ही बातों को लेकर तुम्हें बताएगा।

परमेश्वर ने विलियम मेरियन ब्रंहम को भेजा ताकी अपने वचन को पूरा करे और हमें यीशु मसीह के डील-डौल में व्यक्तिगत रूप से तैयार करे; एक ऐसा सिद्ध मनुष्य जो हर शत्रु को हरा सके, और जो पवित्र आत्मा के वास करने के लिए एक सामर्थ का भवन बन सके।

परमेश्वर अपने लोगों के लिए हमेशा एक मार्गदर्शक को भेजने से कभी नही चूका है। लेकिन उसकी दुल्हन होने के लिए, आपको उस मार्गदर्शक को स्वीकार करना होगा। आपको उस पर विश्वास करना होगा। आपको उसी रास्ते पर चलना होगा जो वह बताता है, नहीं तो आप भटक जाएंगे। कोई फर्क नहीं पड़ता हम क्या सोचते हैं, क्या उचित लगता है या क्या बेतुका सा लगता है, हमें इन बातों का फैसला करके उनमें भेद नहीं करना है। मार्गदर्शन करने वाला एकमात्र वही है।

आप कहते हैं, भाई जोसेफ, हमें तो पवित्र आत्मा मार्गदर्शन देता है, न कि भाई ब्रंहम। यह सच है कि उसके द्वारा कहे गए वचन ही पवित्र आत्मा हैं, न कि स्वयं भाई ब्रंहम; लेकिन वही वो एक था जिसे परमेश्वर ने चुना था ताकि उसके माध्यम से पवित्र आत्मा प्रकट हो सके और वो हमारे लिए धरती पर एक मार्गदर्शक का कार्य कर सकें।

परमेश्वर ने हर युग में हमेशा अपने मार्गदर्शक भेजे हैं; ऐसा कभी नहीं हुआ कि उसके पास कोई मार्गदर्शक न रहा हो। हर युग में, परमेश्वर का हमेशा ही कोई न कोई प्रतिनिधित्व करने वाला इस धरती पर रहा था।

हमें यह पहचानना होगा कि धरती पर उसका प्रतिनिधित्व करने वाला वह मार्गदर्शक कौन है; वहां इसी में उसके वचन का सच्चा प्रकाशन रखा हुआ है।

हम जानते हैं कि पवित्र आत्मा ही वह मुख्य मार्गदर्शक है जिसे पिता ने अपनी दुल्हन का मार्गदर्शन करने के लिए भेजा है, लेकिन यहाँ परमेश्वर ने यह भी कहा है कि वह हमेशा एक मनुष्य को अपना प्रतिनिधि बनाकर भेजता है, जो उसकी दुल्हन की अगुवाही कर सके।

हमारे मार्गदर्शक ने हमें बताया कि कुरनेलियुस एक महान और सम्मानित मनुष्य था, जिसने कलीसियाओं को बनाया था। उसने दान दिए और रोज़ प्रार्थना करता था। लेकिन जब पवित्र आत्मा आया, तो उसे एक मार्गदर्शक की आवश्यकता थी।

परमेश्वर ने उसके पास पवित्र आत्मा को भेजा। उसने पतरस के रूप में उसे भेजा, “जब पतरस ये बातें बोल ही रहा था, पवित्र आत्मा उन पर उतर आया।“ परमेश्वर ने पतरस के ज़रिए उस मार्गदर्शक का उपयोग किया। उसने इसका उपयोग किया, इसलिए वो कुरनेलियुस को सही रास्ते पर ले गया।

जब पतरस बोल ही रहा था, तब पवित्र आत्मा उन पर उतर आया। पतरस ने कहा,

“क्या कोई पानी को रोक सकता है, कि इनका बपतिस्मा न हो?” देखिए, यहाँ भी मार्गदर्शक ही बोल रहा है, ना ही पतरस।

हम किसी मनुष्य के द्वारा नहीं, लेकिन पवित्र आत्मा के द्वारा निर्देशित हो रहे हैं; जो उस व्यक्ति के ज़रिए बोल रहा है जिसे परमेश्वर ने हमारे लिए धरती पर मार्गदर्शक चुना है।

पवित्र आत्मा, अपने चुने हुए मार्गदर्शक के माध्यम से हमेशा वचन ही बोलेगा। उसने हमसे कहा, “मुझे तुमसे बहुत कुछ कहना है। अभी तुम इसे समझ नहीं सकते, लेकिन जब वह आएगा, तो वह तुम्हें इसकी ओर मार्गदर्शक करेगा।“

यूहन्ना को भी मार्गदर्शन मिला था जब उसने प्रकाशितवाक्य को लिखा। उसे उस मार्गदर्शक के द्वारा अगुवाही की गयी थी। उसी मार्गदर्शक ने उसे यह कहने के लिए भी प्रेरित किया, “जो कोई इसमें से एक भी वचन को निकालेगा, या इसमें एक शब्द जोड़ेगा, तो जीवन की पुस्तक में से उसका भाग निकाल दिया जाएगा।“

पवित्र आत्मा ने भाई ब्रंहम को भी यह कहने के लिए प्रेरित किया कि हमें केवल वही कहना चाहिए जो टेपों में है; उसमें कुछ भी जोड़ना या घटाना नहीं है। और उसने हमें एक ऐसा मार्ग प्रदान किया जिससे हम ठीक वैसा ही कर सके जो उसने हमें करने के लिए निर्देशित किया, बटन को दबाकर चलाये।

अब, आप परमेश्वर के वचन के स्थान पर किसी और चीज़ को कैसे रख सकते हैं, और फिर भी यह कैसे कह सकते हैं कि आप पवित्र आत्मा द्वारा निर्देशित हो रहे हैं?

हम पवित्र आत्मा द्वारा निर्देशित हो रहे हैं, जिसने हमें यह प्रकाशन दिया है कि वो कौन है, जिसे उसने अपनी दुल्हन को बाहर बुलाने के लिए अपना धरती का मार्गदर्शक बनाकर भेजा है, और अब वह चोटी का पत्थर; वो प्रकाशन कि हम कौन हैं। इसे मनुष्य के शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता।

देखो पिछले कुछ हफ़्तों में ही उसने हमारे लिए क्या-क्या किया है। उसने हमें सिखाया कि हमारे सामने आने वाले हर शत्रु को कैसे हराना है कैसे अपनी विश्वास की तलवार निकालकर उस पर वार करना है और उसे खत्म करना है। हमें किसी बात से डरने की ज़रूरत नहीं है। हमारे सामने कोई भी खड़ा नहीं हो सकता।

उसने अपनी दुल्हन के खाने के लिए भोजन को किस तरह से संचित किया है! भले ही उसका भेजा हुआ संदेशवाहक दूर हो, फिर भी हमारे पास एक ऐसा मार्गदर्शक है जिसके बारे में दुनिया कुछ नहीं जानती; लेकिन उसकी दुल्हन के लिए, यह सही समय पर मिलने वाला आत्मिक भोजन है, एक ऐसा छिपा हुआ मन्ना जिसे हम रोज़ खा रहे हैं।

उसने हमें एक सिद्ध मनुष्य के डील-डौल तक तैयार किया है ताकि वो हममें से हर एक के अंदर जीये और वास करे। उसने हमारे लिए अपना पवित्र आत्मा भेजा और देह में स्वयं को प्रकट किया, ठीक वैसे ही जैसे 2000 साल पहले किया था, ताकि वो हमारा मार्गदर्शक बन सकें, और अपने धरती पर के मार्गदर्शक के ज़रिए जीवित रहते हुए हमसे बात करे।

मैं आप सभी को आमंत्रित करता हूँ कि आकर और उसकी आवाज़ सुनें ”हॉंक-हॉंक, हॉंक-हॉंक!” जिस पर उसकी दुल्हन सीधे उसी हॉंक की ओर चली आएगी। वो “हॉंक-हॉंक, हॉंक-हॉंक! करेगा, और पूरी दुनिया भर में क्या ही एक जुबली होगी। क्यों? क्योंकि दुल्हन अपने मार्गदर्शक की आवाज़ को पहचानती है।

यदि आप भटकना नहीं चाहते, तो आइए और हमारे मार्गदर्शक की बातें सुनिए जब वो इस रविवार को जेफरसनविले के समय के अनुसार दोपहर 12:00 बजे, अपने धरती पर नियुक्त मार्गदर्शक के ज़रिए आपसे बात करेगा।

ब्रदर जोसफ ब्रंहम

 

संदेश:

62-1014E — एक मार्गदर्शक

 

वचन:

संत मरकुस 16:15-18
संत यूहन्ना 1:1 / 16:7-15
प्रेरितों के काम 2:38
इफिसियों 4:11-13 / 4:30
इब्रानियों 4:12
2 पतरस 1:21
निर्गमन 13:21